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The Haryana Story | वायरल वीडियो में 'मैं नहीं हूं'...सुखबीर बादल के इशारे पर मुझे बदनाम करने की साजिश, मुख्यमंत्री भगवंत मान ने 'कद-काठी' का दिया हवाला

वायरल वीडियो में 'मैं नहीं हूं'...सुखबीर बादल के इशारे पर मुझे बदनाम करने की साजिश, मुख्यमंत्री भगवंत मान ने 'कद-काठी' का दिया हवाला

मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि वीडियो में दिख रहा व्यक्ति उनसे शारीरिक बनावट या कद-काठी में किसी भी तरह मेल नहीं खाता है

पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे विवादित बेअदबी वीडियो और श्री अकाल तख्त साहिब के हुकमनामे को लेकर अपनी गंभीर प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने वीडियो को पूरी तरह से फर्जी और मनगढ़ंत करार देते हुए कहा कि यह उन्हें राजनीतिक रूप से बदनाम करने के लिए शिरोमणि अकाली दल (SAD) के नेता सुखबीर सिंह बादल के इशारे पर रची गई एक गहरी साजिश है। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि वीडियो में दिख रहा व्यक्ति उनसे शारीरिक बनावट या कद-काठी में किसी भी तरह मेल नहीं खाता है।

'फर्जी वीडियो में मैं नहीं हूं'...कद-काठी का दिया हवाला

पंजाब की राजनीति में उस समय भूचाल आ गया जब मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने हाल ही में जारी हुए अकाल तख्त साहिब के हुकमनामे और वायरल वीडियो को लेकर एक प्रेस कॉन्फ्रेंस और वीडियो संदेश के जरिए विपक्ष पर तीखा हमला बोला। उन्होंने अपनी बेगुनाही का दावा करते हुए इस पूरे विवाद के पीछे अकाली दल के शीर्ष नेतृत्व का हाथ बताया है। मुख्यमंत्री भगवंत मान ने वीडियो की प्रामाणिकता को सिरे से खारिज करते हुए कहा, "मैं इस वीडियो को पूरी तरह नकारता हूं। वीडियो में दिखाई दे रहे व्यक्ति का कद, शरीर और शारीरिक बनावट मुझसे बिल्कुल अलग है। वह व्यक्ति किसी भी तरह से मैं नहीं हूं।" उन्होंने कहा कि जब उन्हें पहले श्री अकाल तख्त साहिब द्वारा स्पष्टीकरण के लिए बुलाया गया था, तब भी उन्होंने यही सच्चाई सामने रखी थी।

सुखबीर बादल के इशारे पर रची गई साजिश

सीएम मान ने सीधे तौर पर शिरोमणि अकाली दल के अध्यक्ष सुखबीर सिंह बादल पर निशाना साधा। उन्होंने आरोप लगाया कि उनके खिलाफ यह हुकमनामा और पूरा झूठा प्रचार सुखबीर बादल के राजनीतिक एजेंडे और दबाव के तहत जारी करवाया गया है ताकि आम आदमी पार्टी (AAP) की सरकार को अस्थिर और बदनाम किया जा सके।

बेअदबी कानून और झूठे प्रचार का कनेक्शन

भगवंत मान ने इस विवाद को अपनी सरकार द्वारा बेअदबी के मामलों में लाए गए सख्त कानून से जोड़ा। उन्होंने कहा विरोधियों का दोहरा चरित्र: पहले विपक्ष खुद कहता था कि बेअदबी पर सबसे कड़ा कानून बनाया जाए। अब जब हमारी सरकार ने कड़ा कानून पास कर दिया, तो ये लोग पूछ रहे हैं कि ऐसा कानून क्यों बनाया गया?

कानून बनते ही प्रोपेगैंडा शुरू

जैसे ही सिखों के पवित्र मुद्दों पर सख्त फैसले लिए गए, वैसे ही मेरे खिलाफ सुनियोजित तरीके से झूठा प्रचार और वीडियो वायरल करने का गंदा खेल शुरू कर दिया गया।

श्री अकाल तख्त साहिब के खिलाफ जाने की सोच भी नहीं सकता

धार्मिक निष्ठा स्पष्ट करते हुए सीएम मान ने भावुक लहजे में कहा कि वह श्री अकाल तख्त साहिब को सिखों की सर्वोच्च संस्था मानते हैं और हमेशा पूरी श्रद्धा के साथ वहां अपना सिर झुकाते हैं। उन्होंने कहा, "श्री अकाल तख्त साहिब के खिलाफ जाने के बारे में न तो मैं और न ही मेरी आने वाली पीढ़ियां कभी सोच सकती हैं, लेकिन दुख इस बात का है कि धार्मिक पदों पर बैठे कुछ लोग अपने राजनीतिक आकाओं की कठपुतली बनकर फैसले ले रहे हैं। उन्होंने एसजीपीसी के अध्यक्ष पर भी अकाली दल का खुला प्रचारक होने का आरोप लगाया।

'बाणी, पानी, किसानी और जवानी' के फैसलों से बौखलाहट

सीएम ने जोर देकर कहा कि उनकी सरकार पंजाब के चार मुख्य स्तंभों गुरु साहिबान की बाणी, पंजाब का पानी, किसानों की किसानी और युवाओं की जवानी के हक में ऐतिहासिक और जनहितैषी फैसले ले रही है। यही कारण है कि दशकों तक पंजाब को लूटने वाले पारंपरिक राजनीतिक घरानों को यह विकास हजम नहीं हो रहा है और वे धर्म का सहारा लेकर उन्हें रोकने की कोशिश कर रहे हैं।

पुराने मामलों पर उठाए सवाल

भगवंत मान ने अकाल तख्त के पुराने फैसलों पर भी सवालिया निशान लगाते हुए कहा कि जो लोग पहले श्री अकाल तख्त साहिब के सामने बेअदबी, पुलिस गोलीकांड और विवादास्पद नियुक्तियों जैसे संगीन गुनाह खुद कबूल कर चुके थे और बाद में मुकर गए, उन पर आज तक कोई सख्त हुकमनामा या कार्रवाई नहीं हुई। इससे साफ पता चलता है कि कार्रवाई में दोहरा रवैया अपनाया जा रहा है।

अरविंद केजरीवाल का मिला समर्थन

इस पूरे मामले में आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने भी मुख्यमंत्री भगवंत मान के इस स्पष्टीकरण वीडियो को सोशल मीडिया पर साझा किया है। केजरीवाल ने कहा कि भगवंत मान सरकार द्वारा पंजाब में किए जा रहे बेहतरीन कामों से बौखलाकर ही विपक्षी दल उन्हें बदनाम करने के लिए इतने निचले स्तर के झूठ का सहारा ले रहे हैं। 

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