प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने देश में खेलों को लेकर एक बड़ी चुनौती और भविष्य की रणनीति सामने रखी है। 27 अगस्त को ‘खेलो इंडिया संवाद’ में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए युवाओं और खिलाड़ियों से संवाद करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि भारत ओलंपिक में शामिल होने वाले करीब आधे खेलों में हिस्सा ही नहीं लेता। ऐसे में देश की पदक संभावनाओं का एक बड़ा हिस्सा प्रतियोगिता से पहले ही बाहर हो जाता है। उन्होंने अधिक से अधिक ओलंपिक खेलों में भारतीय खिलाड़ियों की भागीदारी बढ़ाने और अभी से प्रतिभाओं को तैयार करने पर जोर दिया।
‘आधे खेलों में हिस्सा ही नहीं लेते, सुधार की जरूरत’
पीएम मोदी ने कहा कि ओलंपिक में अलग-अलग खेलों की संख्या काफी अधिक है, लेकिन भारत की टीमें इनमें से लगभग आधे खेलों में हिस्सा नहीं लेतीं। उन्होंने इसे लंबे समय से चली आ रही स्थिति बताते हुए कहा कि यदि भारत को अपनी मेडल टैली बढ़ानी है तो उन खेलों में भी महारत हासिल करनी होगी, जिनमें फिलहाल देश की भागीदारी बेहद सीमित या नहीं है। प्रधानमंत्री ने यह भी कहा कि दुनिया के कई देश उन खेलों में पदक जीत रहे हैं, जिनमें भारत प्रतिस्पर्धा तक नहीं करता। उनके मुताबिक भारत को अपनी खेल क्षमता और भौगोलिक विविधता का फायदा उठाते हुए नए खेलों पर ध्यान देना होगा। उन्होंने विशेष रूप से सर्फिंग, स्पोर्ट्स क्लाइंबिंग और विंटर स्पोर्ट्स जैसे क्षेत्रों में संभावनाएं तलाशने की बात कही।
2036 ओलंपिक के लिए अभी से तैयारी का आह्वान
पीएम मोदी ने 2036 ओलंपिक को ध्यान में रखते हुए अभी से खिलाड़ियों की पहचान और तैयारी शुरू करने पर जोर दिया। उन्होंने 5 से 15 वर्ष की उम्र के बच्चों में बड़े स्तर पर प्रतिभा खोज अभियान चलाने की आवश्यकता बताई। उनका कहना था कि बच्चों का चयन केवल उनकी रुचि के आधार पर नहीं, बल्कि संबंधित खेल के लिए उनकी शारीरिक क्षमता और प्रतिभा को देखते हुए किया जाना चाहिए। उन्होंने कहा कि देश में ऐसा खेल तंत्र तैयार किया जा रहा है जिसमें प्रतिभा की पहचान से लेकर उसे अंतरराष्ट्रीय मंच तक पहुंचाने तक हर स्तर पर सहायता उपलब्ध हो। इसके लिए खेल विश्वविद्यालयों, आधुनिक प्रशिक्षण केंद्रों, खेल विज्ञान, कोचिंग और अंतरराष्ट्रीय सहयोग को भी बढ़ावा दिया जा रहा है।
‘स्क्रीन से ज्यादा स्पोर्ट्स सेंटर, प्ले स्टेशन से ज्यादा जरूरी प्लेग्राउंड’
युवाओं को संदेश देते हुए पीएम मोदी ने डिजिटल स्क्रीन और वीडियो गेम के बढ़ते प्रभाव के बीच मैदान में उतरने की जरूरत पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि “स्क्रीन्स से ज्यादा स्पोर्ट्स सेंटर की अहमियत है और प्ले स्टेशन से ज्यादा प्लेग्राउंड की।” प्रधानमंत्री ने कहा कि खेल केवल पदक जीतने का माध्यम नहीं है। खेल व्यक्ति को जीत के साथ-साथ हार से सीखने, गिरकर दोबारा उठने और बेहतर प्रतियोगी बनने की प्रेरणा देता है। उनके मुताबिक खेल स्वस्थ समाज, मजबूत परिवार और बेहतर कार्य संस्कृति के निर्माण में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
‘खेल सिर्फ मेडल तक सीमित नहीं’
पीएम मोदी ने कहा कि खेलों को केवल मेडल जीतने तक सीमित करके नहीं देखा जाना चाहिए। उनके अनुसार खेल भारत की खेल शक्ति और युवा शक्ति को जोड़कर विकसित भारत के निर्माण का अभियान है। उन्होंने कहा कि देश के हर जिले में ऐसी क्षमता है कि वह दुनिया के खेल मानचित्र पर अपनी पहचान बना सकता है। उन्होंने युवाओं से खेलों को जीवन का हिस्सा बनाने और खेल क्षेत्र में मौजूद नए अवसरों को पहचानने की अपील भी की। पीएम ने बताया कि खेल उपकरण, स्पोर्ट्स टेक्नोलॉजी, स्पोर्ट्स मेडिसिन, न्यूट्रिशन, स्पोर्ट्स साइकोलॉजी और एनालिटिक्स जैसे क्षेत्रों में भी युवाओं के लिए करियर के नए रास्ते खुल रहे हैं।
क्या है पीएम मोदी के संदेश का सार?
भारत को अधिक से अधिक ओलंपिक खेलों में भागीदारी बढ़ानी होगी। 2036 ओलंपिक को ध्यान में रखते हुए अभी से प्रतिभाओं की पहचान करनी होगी। 5 से 15 वर्ष के बच्चों के बीच बड़े स्तर पर टैलेंट हंट की जरूरत है। सर्फिंग, स्पोर्ट्स क्लाइंबिंग और विंटर स्पोर्ट्स जैसे क्षेत्रों में संभावनाएं तलाशने पर जोर। युवाओं को स्क्रीन और वीडियो गेम के बजाय मैदान और खेलों से जोड़ने की जरूरत। खेलों को सिर्फ पदक नहीं, बल्कि स्वस्थ समाज और विकसित भारत के निर्माण से जोड़कर देखने का आह्वान।
प्रधानमंत्री का यह संदेश ऐसे समय आया है जब भारत अपनी ओलंपिक पदक क्षमता को बढ़ाने के लिए खेलों का दायरा पारंपरिक खेलों से आगे ले जाने की रणनीति पर जोर दे रहा है। ‘खेलो इंडिया संवाद’ में उनका फोकस साफ था- जितने अधिक खेलों में भारत उतरेगा, उतनी ही ज्यादा प्रतिभाओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी क्षमता साबित करने का मौका मिलेगा।
related
पानीपत के 35 गांवों की बदलेगी सूरत, 'मास्टर प्लान' तैयार, जानिए केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल का 'मिशन विलेज'
दुष्यंत ने सैनी सरकार पर लगाए 'फिजूलखर्ची' के आरोप, बोले - करोड़ों का हेलीकॉप्टर बना 'सफेद हाथी', जनता के टैक्स की बर्बादी
अहीरवाल की 'सियासी जंग' तेज़: राव नरवीर ने नायब सैनी को दिया 'मास्टरस्ट्रोक' सुझाव, राव इंद्रजीत पर साधा कड़ा निशाना
Latest stories
CISF की जांबाज खिलाड़ी ने चीन में गाड़ा जीत का झंडा, रितु श्योराण की कप्तानी में भारतीय महिला कबड्डी टीम ने जीता गोल्ड
पानीपत के 35 गांवों की बदलेगी सूरत, 'मास्टर प्लान' तैयार, जानिए केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल का 'मिशन विलेज'
फिरोजपुर झिरका में सीवर की जहरीली गैस ने छीनी दो मजदूरों की जिंदगी, ठेकेदार फरार, जिम्मेदार कौन?