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The Haryana Story | NCR में रफ्तार का नया 'सुपरवे': मात्र 40 मिनट में गुरुग्राम से नोएडा! ₹15,000 करोड़ के RRTS प्रोजेक्ट को हरी झंडी

NCR में रफ्तार का नया 'सुपरवे': मात्र 40 मिनट में गुरुग्राम से नोएडा! ₹15,000 करोड़ के RRTS प्रोजेक्ट को हरी झंडी

दिल्ली-NCR के निवासियों के लिए एक बड़ी खुशखबरी. ट्रैफिक जाम और घंटों के सफर से जल्द ही मिलने वाली है मुक्ति

प्रतीकात्मक तस्वीर

दिल्ली-NCR के निवासियों के लिए एक बड़ी खुशखबरी है। ट्रैफिक जाम और घंटों के सफर से जल्द ही मुक्ति मिलने वाली है। हरियाणा सरकार ने गुरुग्राम, फरीदाबाद और नोएडा को जोड़ने वाले रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (RRTS) कॉरिडोर के प्रस्ताव को मंजूरी दे दी है। करीब ₹15,000 करोड़ की लागत से बनने वाला यह प्रोजेक्ट पूरे NCR की सूरत बदल देगा।

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इस नए कॉरिडोर के बनने के बाद गुरुग्राम से नोएडा की दूरी सिमट जाएगी। जहाँ अभी सड़क मार्ग से जाने में 1.5 से 2 घंटे लगते हैं, वहीं RRTS के जरिए यह सफर मात्र 38 से 40 मिनट में पूरा होगा। यह प्रोजेक्ट न केवल समय बचाएगा बल्कि ईंधन की खपत और प्रदूषण को कम करने में भी क्रांतिकारी साबित होगा। 

यह प्रोजेक्ट परिवहन के एक नए दौर की शुरुआत करेगा

करीब ₹15 हजार करोड़ रुपये की लागत से बनने वाला यह प्रोजेक्ट परिवहन के एक नए दौर की शुरुआत करेगा। जहां गुरुग्राम से नोएडा का सफर कॉरिडोर पूरा होने के बाद मात्र 38 से 40 मिनट में पूरा हो जाएगा। वहीं नया कॉरिडोर बनने के बाद गुरुग्राम से फरीदाबाद की दूरी मात्र 20 मिनट में तय की जा सकेगी, जिसे वर्तमान में पूरा करने में एक घंटे से अधिक समय लगता है।

करीब 180 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से दौड़ने वाली नमो भारत ट्रेनें हर 5 से 7 मिनट के अंतराल पर उपलब्ध होंगी, जिससे दिल्ली की भीड़भाड़ वाली सड़कों पर निर्भरता और बोझ काफी कम हो जाएगा। गुरुग्राम-फरीदाबाद-नोएडा नमो भारत RRTS कॉरिडोर कुल 64 किलोमीटर लंबा होगा, जिसमें से 52 किलोमीटर हिस्सा हरियाणा में आएगा। पूरे रूट पर 18 आधुनिक स्टेशन बनाए जाएंगे।

किन शहरों को मिलेगा फायदा?

यह कॉरिडोर हरियाणा के दो सबसे बड़े औद्योगिक शहरों (गुरुग्राम और फरीदाबाद) को उत्तर प्रदेश के नोएडा से सीधे जोड़ेगा।

गुरुग्राम-फरीदाबाद की कनेक्टिविटी: अरावली के बीच से गुजरने वाली कनेक्टिविटी अब और भी तेज होगी।

नोएडा एयरपोर्ट का लाभ: यह कॉरिडोर आने वाले समय में जेवर इंटरनेशनल एयरपोर्ट तक जाने वाले यात्रियों के लिए भी एक लाइफलाइन बनेगा।मेट्रो से अलग अनुभव: यह सामान्य मेट्रो से कई गुना तेज होगा और इसमें एरोडायनामिक ट्रेनें चलेंगी जो 180 किमी/घंटा की रफ्तार तक जा सकती हैं।

प्रोजेक्ट की बड़ी बातें: लागत :लगभग ₹15,000 करोड़ रुपये का निवेश।दूरी: यह कॉरिडोर गुरुग्राम के राजीव चौक से शुरू होकर फरीदाबाद के रास्ते नोएडा तक जाएगा।

रोजगार और प्रॉपर्टी: इस प्रोजेक्ट के शुरू होने से इन तीनों शहरों में रियल एस्टेट और व्यापारिक गतिविधियों को जबरदस्त उछाल मिलने की उम्मीद है।

पब्लिक का उत्साह

सोशल मीडिया पर लोग इस खबर को लेकर काफी उत्साहित हैं। नोएडा में काम करने वाले गुरुग्राम के प्रोफेशनल अजय शर्मा का कहना है, "अगर यह कॉरिडोर समय पर पूरा होता है, तो हमें मेट्रो बदलने के झंझट और कैब के भारी किराए से आजादी मिल जाएगी।" गुरुग्राम-फरीदाबाद-नोएडा RRTS कॉरिडोर परिवहन के एक नए दौर की शुरुआत है। यह न केवल शहरों की दूरी कम करेगा बल्कि NCR को दुनिया के सबसे बेहतरीन पब्लिक ट्रांसपोर्ट सिस्टम वाले क्षेत्रों की कतार में खड़ा कर देगा।

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