हरियाणा के भिवानी जिले का चांग गांव इस समय एक बेहद गंभीर और डरावने स्वास्थ्य संकट से जूझ रहा है। लगभग 20 हजार की आबादी वाले इस गांव में कैंसर के मरीजों का आंकड़ा लगातार बढ़ता जा रहा है, जिससे पूरे क्षेत्र में दहशत और चिंता का माहौल है। हाल ही में गांव में कैंसर के करीब करीब डेढ़ दर्जन से भी ज्यादा नए मामले सामने आने के बाद अब ग्रामीणों के सब्र का बांध टूट गया है. इस जानलेवा बीमारी के खिलाफ ग्रामीणों ने खुद मोर्चा संभाल लिया है और गांव में एक विशाल महापंचायत का आयोजन किया गया।
एक बड़ा मेडिकल कैंप आयोजित करने का फैसला हुआ
महापंचायत में लिए गए बड़े फैसले चांग गांव की चौपाल में आयोजित हुई इस महापंचायत में बुजुर्गों, युवाओं और महिलाओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। ग्रामीणों ने सरकार और स्वास्थ्य विभाग से मांग की है कि गांव में कैंसर फैलने के संभावित और वास्तविक कारणों की तुरंत वैज्ञानिक जांच करवाई जाए। गांव के हर घर में जाकर लोगों की सेहत का डेटा जुटाने के लिए विशेष स्वास्थ्य सर्वे शुरू करने की योजना बनाई गई है। प्रभावित लोगों और अन्य ग्रामीणों की जल्द से जल्द स्क्रीनिंग के लिए गांव में ही एक बड़ा मेडिकल कैंप आयोजित करने का फैसला हुआ है। स्वास्थ्य जागरूकता अभियान: बीमारी के शुरुआती लक्षणों को पहचानने और बचाव के लिए पूरे गांव में बड़े स्तर पर जागरूकता अभियान चलाया जाएगा।
मासूम बच्चों से लेकर बुजुर्ग तक चपेट में ग्रामीणों का गंभीर
आरोप है कि पिछले कुछ समय में कैंसर के मामलों में अचानक तेजी आई है। इस जानलेवा बीमारी ने न केवल बुजुर्गों को, बल्कि मासूम बच्चों और युवाओं को भी अपनी चपेट में ले लिया है. गांव के लोगों का कहना है कि समय रहते अगर उचित कदम नहीं उठाए गए, तो स्थिति हाथ से निकल जाएगी।
क्या दूषित पानी या खराब जीवनशैली है वजह?
महापंचायत में इस बात पर भी गहन चर्चा हुई कि आखिर एक ही गांव में इतनी बड़ी संख्या में कैंसर के मामले क्यों आ रहे हैं? ग्रामीणों को अंदेशा है कि गांव में पीने के पानी की गुणवत्ता खराब हो सकती है या उसमें केमिकल का रिसाव हो रहा है।कीटनाशकों का अंधाधुंध प्रयोग: फसलों में अत्यधिक पेस्टिसाइड्स और केमिकल का इस्तेमाल भी एक संभावित कारण माना जा रहा है.हालांकि, ग्रामीणों का साफ कहना है कि इसका सटीक जवाब स्वास्थ्य विभाग की विस्तृत और पुख्ता वैज्ञानिक जांच के बाद ही मिल पाएगा।
मीडिया की मुहिम का बड़ा असर
गौरतलब है कि चांग गांव के इस दर्द को एक निजी न्यूज चैनल ने बड़ी प्रमुखता और जिम्मेदारी के साथ देश और प्रदेश की सरकार के सामने रखा था। मीडिया की इस मुहिम का ही असर है कि आज पूरा गांव इस महामारी जैसी स्थिति के खिलाफ एकजुट हो गया है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि स्वास्थ्य विभाग ने तुरंत इस पर कड़ा संज्ञान नहीं लिया, तो वे अपने हक और अपनों की जान बचाने के लिए आंदोलन का रास्ता भी चुन सकते हैं।
एक मासूम बच्चे और बुजुर्गों समेत चार लोगों की मौत भी हो चुकी
सरपंच प्रतिनिधि प्रदीप रंगा ने पंचायत को संबोधित करते हुए कहा कि पिछले करीब छह महीनों में गांव में कैंसर के मरीजों के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। ग्रामीणों के मुताबिक गांव में 14 से ज्यादा कैंसर मरीजों की पहचान हो चुकी है, जिनमें से कई मरीज रोहतक पीजीआई और निजी अस्पतालों में उपचार करवा रहे हैं। वहीं ग्रामीणों के अनुसार कैंसर की वजह से एक मासूम बच्चे और बुजुर्गों समेत चार लोगों की मौत भी हो चुकी है। पंचायत में ग्रामीणों ने स्वास्थ्य विभाग के प्रति नाराजगी भी जाहिर की। ग्रामीणों का कहना है कि गांव में कैंसर के बढ़ते मामलों के बावजूद अब तक स्वास्थ्य विभाग की ओर से कोई बड़ा स्वास्थ्य जांच शिविर या जागरूकता अभियान नहीं चलाया गया।
पंचायत और पूरे गांव के लिए गंभीर चिंता का विषय
ग्रामीणों ने आशंका जताई कि गांव में बड़ी संख्या में लोग भूमिगत पानी का इस्तेमाल करते हैं। इसके अलावा दुकानों और रेहड़ियों पर बिकने वाले मिलावटी खाद्य पदार्थों को लेकर भी ग्रामीणों ने चिंता जताई। हालांकि, कैंसर के मामलों के वास्तविक कारणों की पुष्टि स्वास्थ्य विभाग की जांच और वैज्ञानिक अध्ययन के बाद ही हो सकेगी। गांव में लगातार कैंसर के मामले सामने आ रहे हैं, यह पंचायत और पूरे गांव के लिए गंभीर चिंता का विषय है। हम स्वास्थ्य विभाग के अधिकारियों से जांच और जागरूकता अभियान की मांग करेंगे।”
मिलावटी सामान बेचने वालों पर भी पंचायत की नजर रहेगी
महापंचायत में सर्वसम्मति से फैसला लिया गया कि ग्रामीण जल्द ही भिवानी उपायुक्त से मुलाकात करेंगे और स्वास्थ्य विभाग के उच्च अधिकारियों तक अपनी शिकायत पहुंचाएंगे। साथ ही गांव में कैंसर को लेकर लोगों को जागरूक करने के लिए अभियान चलाने का भी निर्णय लिया गया। मिलावटी सामान बेचने वालों पर भी पंचायत की नजर रहेगी। सरपंच प्रतिनिधि प्रदीप रंगा ने दुकानदारों और रेहड़ी संचालकों को लोगों के स्वास्थ्य से खिलवाड़ न करने की हिदायत दी।
पंचायत की ओर से दुकानदारों को जागरूक किया गया
उन्होंने कहा कि पंचायत की ओर से दुकानदारों को जागरूक किया गया है और अगर इसके बावजूद किसी ने लोगों के स्वास्थ्य को नुकसान पहुंचाने वाला सामान बेचा, तो पंचायत उसके खिलाफ सख्त कार्रवाई के लिए संबंधित विभाग को शिकायत करेगी। फिलहाल ग्रामीणों की मांग है कि गांव चांग में स्वास्थ्य विभाग की टीम भेजकर कैंसर के मामलों की विस्तृत जांच करवाई जाए और बीमारी के संभावित कारणों का पता लगाया जाए। अब देखना होगा कि ग्रामीणों की इस चिंता पर स्वास्थ्य विभाग और प्रशासन कब तक संज्ञान लेते हैं।
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